उर्दू शायरी · ग़ज़ल

use mai pila ke ye kah diya tere samne mere samne

उसे मय पिला के ये कह दिया तिरे सामने मिरे सामने

اسے مے پلا کے یہ کہہ دیا ترے سامنے مرے سامنے

शायर: Nadeem Malik7 अशआरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu, उर्दू

उसे मय पिला के ये कह दिया तिरे सामने मिरे सामने
है हज़ार मील का फ़ासला तिरे सामने मिरे सामने

वही 'इश्क़ है वही ज़ात है वही रात है वही बात है
शब-ओ-रोज़ का वही आइना तिरे सामने मिरे सामने

मिरी ख़्वाहिशें सभी मर गईं मिरे ख़्वाब सारे ही बुझ गए
दिल-ए-ना-मुराद ने फिर कहा तिरे सामने मिरे सामने

कई सानहे हुए रात भर वो लहू की होली थी चार-सू
वही आह भरती हुई फ़ज़ा तिरे सामने मिरे सामने

वही सोच है वही ख़्वाब है वही नाम है वही रूप है
वही गर्द गर्द है आइना तिरे सामने मिरे सामने

कई ज़िंदगी की उदासियाँ कई तोहमतें हैं लगी हुई
ये बता बता कि वो थक गया तिरे सामने मिरे सामने

वो सिमट गई कि बिखर गई मिरे ए'तिबार की रौशनी
दिल-ए-अश्क-बार ने ये कहा तिरे सामने मिरे सामने