उर्दू शायरी · ग़ज़ल

is mein kya dalil hai

इस में क्या दलील है

اس میں کیا دلیل ہے

शायर: Umar Farhat5 अशआरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu, उर्दू

इस में क्या दलील है
एक संग-ए-मील है

हँस के तोड़ दे इसे
दर्द की फ़सील है

शोहरतों के वास्ते
प्यास ही सबील है

देखते हैं हर तरफ़
क्या कोई अदील है

जिस का नाम है 'उमर'
वो भी बे-क़बील है