नात लिरिक्स

Ramzaan Mubaarak ! Tumhen, Ramzaan Mubaarak

रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक

नात ख़्वान: हाफ़िज़ ताहिर क़ादरी और हाफ़िज़ अहसन क़ादरीशायर: अहमद रज़ा फ़हर क़ादरी - अर्फ़क़उपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

या रमज़ान ! या रमज़ान !या रमज़ान ! या रमज़ान !

मरहबा रमज़ान ! मरहबा रमज़ान !मरहबा रमज़ान ! मरहबा रमज़ान !

रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !

नूर का है ये समाँये सहरी-ओ-इफ़्तारहो तुम्हें, मुबारक !

रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !

सहरी के वो लम्हात, वो इफ़्तार की घड़ियाँहोंटों पे दुरूदों की, सलामों की हैं लड़ियाँज़ारी जो ज़बानों पे है क़ुरआन मुबारक

मरहबा रमज़ान !

रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !

इस माह में होती है ग़िज़ाओं में भी बरकतमिल जाती है खाने को हर इक चीज़ ब-कसरतइस माह की बरकत से सजा ख़्वान, मुबारक !

नूर का है ये समाँये सहरी-ओ-इफ़्तारहो तुम्हें, मुबारक !

रहमत-ए-रमज़ान ! रहमत-ए-रमज़ान !रहमत-ए-रमज़ान ! रहमत-ए-रमज़ान !

रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !

अल्ताफ़-ओ-करम आया, मिटाता हुवा कुल्फ़तलो जल्वा-फ़िगन हो ही गया 'अशरा-ए-रहमतहो ख़ूब तुम्हें रहमत-ए-यज़दान मुबारक !

मरहबा रमज़ान !

रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !

ए मोमिनो ! रब का तुम्हें मेहमान मुबारक !कहते हैं जिसे सब मह-ए-गुफ़रान मुबारकहाँ ! हाँ ! वो जो आया पस-ए-शा'बान, मुबारक !

नूर का है ये समाँये सहरी-ओ-इफ़्तारहो तुम्हें, मुबारक !

रहमत-ए-रमज़ान ! रहमत-ए-रमज़ान !रहमत-ए-रमज़ान ! रहमत-ए-रमज़ान !

रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !

निकले जो किसी रोज़ मेरे दिल का ये अरमानसरकार करेंगे मुझे रमज़ान में मेहमानअर्फ़क़ ! हो तुझे तेरा ये ईक़ान, मुबारक !

मरहबा रमज़ान !

रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !रमज़ान मुबारक ! तुम्हें, रमज़ान मुबारक !

रहमत-ए-रमज़ान ! रहमत-ए-रमज़ान !रहमत-ए-रमज़ान ! रहमत-ए-रमज़ान !

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