नात लिरिक्स

Main Chithiyan Gham Diyan Nit Roz Pawan Kamli Wale Nun

मैं चिठियाँ ग़म दियाँ नित रोज़ पावाँ कमली वाले नूँ

नात ख़्वान: असद रज़ा अत्तारीशायर: सय्यिद नासिर हुसैन चिश्तीउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

मैं चिठियाँ ग़म दियाँ नित रोज़ पावाँ कमली वाले नूँजुदाई हाल जो कीता, सुणावाँ कमली वाले नूँ

जदों वी रात ढल दी ए, हिजर विच मार के वाजाँमैं सोचाँ किस तरह घर विच बुलावाँ कमली वाले नूँ

मुक़द्दर मैनूँ ले जावे जे इक वारी मदीने नूँजिगर तों खोल के पटियाँ विखावाँ कमली वाले नूँ

बड़ा ई पुर-ख़ता वाँ, रू-सियाह वाँ, गुण नईं पल्लेदु'आ मँगो हशर विच याद आवाँ कमली वाले नूँ

हमेशा या रसूलल्लाह पुकाराँ एस लई, नासिर !मैं मर जावाँ जे इक पल वी भुलावाँ कमली वाले नूँ

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