नात लिरिक्स

Karam Aaj Bala-e-Baam Aa Gaya Hai

करम आज बाला-ए-बाम आ गया है

नात ख़्वान: अल-हाज ख़ुर्शीद अहमदशायर: ख़ालिद महमूद नक़्शबंदीउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

करम आज बाला-ए-बाम आ गया हैज़बाँ पर मुहम्मद का नाम आ गया है

दुरूदों की बारिश है कौन-ओ-मकाँ परकि आज अंबिया का इमाम आ गया है

मुझे मिल गई है दो 'आलम की शाहीमेरा उन के मँगतों में नाम आ गया है

मेरे पास कुछ भी न था रोज़-ए-महशरनबी का वसीला ही काम आ गया है

मज़ा जब है सरकार महशर में कह देंवो देखो हमारा ग़ुलाम आ गया है

चराग़ाँ हुआ बज़्म-ए-हस्ती में, ख़ालिद !निगाहों में हुस्न-ए-तमाम आ गया है

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