नात लिरिक्स

Baghdad Wara Peer (Gujarati)

बग़दाद वाळा पीर

नात ख़्वान: सय्यिद अब्दुल क़ादिर अल-क़ादरीशायर: निज़ाम अशरफ़ी अहमदाबादीउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

बग़दाद वाळा पीर ! बग़दाद वाळा पीर !बग़दाद वाळा पीर ! बग़दाद वाळा पीर !

सुल्तान-ए-औलिया, शह-ए-जीलान, ग़ौस-ए-पाक !पीरान-ए-पीर, 'आरिफ़-ए-सुब्हान, ग़ौस-ए-पाक !

सौनी अरज छे, पीरोना सुल्तान ग़ौस-ए-पाक !बग़दादना बनावी लो मेहमान, ग़ौस-ए-पाक !

सुल्तान-ए-औलिया, शह-ए-जीलान, ग़ौस-ए-पाक !पीरान-ए-पीर, 'आरिफ़-ए-सुब्हान, ग़ौस-ए-पाक !

अगियारमा इमाम हसन अस्करी हतांमहदी तो बारमा हशे, दरम्यान ग़ौस-ए-पाक

सुल्तान-ए-औलिया, शह-ए-जीलान, ग़ौस-ए-पाक !पीरान-ए-पीर, 'आरिफ़-ए-सुब्हान, ग़ौस-ए-पाक !

छे आपनुं कथन के मुरीदीन ला-तख़फ़मारी नजातनो छे आ सामान, ग़ौस-ए-पाक !

सुल्तान-ए-औलिया, शह-ए-जीलान, ग़ौस-ए-पाक !पीरान-ए-पीर, 'आरिफ़-ए-सुब्हान, ग़ौस-ए-पाक !

डूबी गयेल लोकोने जीवता करो तमेमुर्दा दिलोने आपो फरी जान, ग़ौस-ए-पाक !

सुल्तान-ए-औलिया, शह-ए-जीलान, ग़ौस-ए-पाक !पीरान-ए-पीर, 'आरिफ़-ए-सुब्हान, ग़ौस-ए-पाक !

सपनामां आवो कोक'दि, ऐ मज़हर-ए-रसूल !वांचीश बंध आँखोंथी क़ुरआन, ग़ौस-ए-पाक !

सुल्तान-ए-औलिया, शह-ए-जीलान, ग़ौस-ए-पाक !पीरान-ए-पीर, 'आरिफ़-ए-सुब्हान, ग़ौस-ए-पाक !

मुख़्तार-ओ-क़ादिर आप छो, अशरफ़ नी छे अरजमृत्यु वेळा बचे मारुं ईमान, ग़ौस-ए-पाक !

सुल्तान-ए-औलिया, शह-ए-जीलान, ग़ौस-ए-पाक !पीरान-ए-पीर, 'आरिफ़-ए-सुब्हान, ग़ौस-ए-पाक !

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