नात लिरिक्स

Aye Khirad Ab Hosh Se Rehne De Begana Mujhe

ऐ ख़िरद अब होश से रहने दे बेगाना मुझे

नात ख़्वान: सय्यिद अब्दुल वसी क़ादरीशायर: जावेद सिद्दीक़ीउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

ऐ ख़िरद ! अब होश से रहने दे बेगाना मुझेहै ख़याल-ए-यार में मंज़ूर मर जाना मुझे

कह रही है सारी दुनिया उन का मस्ताना मुझेलुत्फ़ ये है वो भी कह दें अपना दीवाना मुझे

दिल तो पहले ले चुके हो, सामने आ जाओ नापेश करना है अभी तो जाँ का नज़राना मुझे

कह रही है जान भी, जब सर हो पा-ए-यार मेंऐ क़ज़ा ! एहसान करना, लेने आ जाना मुझे

बात बन जाएगी जिस दम वो कहेंगे हश्र मेंये दीवाना लग रहा है जाना-पहचाना मुझे

बा-वुज़ू हो कर मेरी सोती हैं आँखें इस लिएख़्वाब में आ कर वो पूछें, देख पहचाना मुझे

कह दिया मीराँ ने जब, जावेद है मेरा ग़ुलामहो गया है फ़र्ज़ अब क़िस्मत पे इतराना मुझे

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