उर्दू शायरी · ग़ज़ल

KHush ho koi duniya mein ye aasan nahin hai

ख़ुश हो कोई दुनिया में ये आसान नहीं है

خوش ہو کوئی دنیا میں یہ آسان نہیں ہے

शायर: Nabil Syed5 अशआरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu, उर्दू

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ख़ुश हो कोई दुनिया में ये आसान नहीं है
इंसाँ कभी इंसाँ बने इम्कान नहीं है

आँखों से मिरी कहता है आईना ये हर बार
ये जिस्म मिरी रूह की पहचान नहीं है

आईने में दिखता है कभी मेरा वो चेहरा
जिस से अभी ख़ुद मेरी भी पहचान नहीं है

जब प्यार हुआ ख़ुद को ये समझा के मनाया
ये रोग न हो जिस को वो इंसान नहीं है

कुछ ऐसे सँभाले हुए हैं दीन कई लोग
दस्तूर तो हैं पर कोई ईमान नहीं है