नात लिरिक्स

Yaad Mein Aaqa Ki Aansu Beh Gaye | Sab Madine Ko Gaye Hum Reh Gaye

याद में आक़ा की आँसू बह गए | सब मदीने को गए हम रह गए

नात ख़्वान: संदली अहमदउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

याद में आक़ा की आँसू बह गएसब मदीने को गए हम रह गए

याद में आक़ा की आँसू बह गए

हम मदीने जाएँगे अब के बरसहर बरस ये सोच कर हम रह गए

सब मदीने को गए हम रह गए

याद में आक़ा की आँसू बह गए

हम तेरा आक़ा से कह देंगे सलामजाने वाले लोग हम से कह गए

सब मदीने को गए हम रह गए

याद में आक़ा की आँसू बह गए

करते हैं सब पर करम शाह-ए-उममआने वाले लोग हम से कह गए

सब मदीने को गए हम रह गए

याद में आक़ा की आँसू बह गए

कैसे हाशिम को भला आए क़रारक़ाफ़िला बिछड़ा, अकेले रह गए

सब मदीने को गए हम रह गए

याद में आक़ा की आँसू बह गए

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