नात लिरिक्स

Mere Khwaja Piya ! Mere Khwaja Piya | Hafiz Tahir Qadri

मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया ! | हाफ़िज़ ताहिर क़ादरी

नात ख़्वान: हाफ़िज़ ताहिर क़ादरी और हाफ़िज़ अहसन क़ादरीशायर: मुहम्मद आसिम क़ादरीउपलब्ध: हिंदी

मेरे ख़्वाजा ! ख़्वाजा ! ख़्वाजा !मेरे ख़्वाजा ! ख़्वाजा ! ख़्वाजा !मेरे ख़्वाजा ! ख़्वाजा ! ख़्वाजा !मेरे ख़्वाजा !

ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया !ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया !

'अली का दुलारा ख़्वाजा !दिल में समा जा, ख़्वाजा !शाहों का शाह तू, ख़्वाजा !

या ख़्वाजा ! या ख़्वाजा !या ख़्वाजा ! या ख़्वाजा !

मेरा बिगड़ा बख़्त सँवार दो, मेरे ख़्वाजा ! मुझ को नवाज़ दोतेरी इक निगाह की बात है, मेरी ज़िंदगी का सवाल है

ख़्वाजा-ए-ख़्वाजगाँ है लक़ब आप का

या सख़ी ग़रीब-नवाज़ सरकार !

मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !

आप का मर्तबा रब ने ऊँचा किया

या सख़ी ग़रीब-नवाज़ सरकार !

मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !

ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया !ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया !

तुझ को भेजा मदीने से सरकार नेरब के महबूब, नबियों के सरदार नेमुस्तफ़ा, जान-ए-रहमत की तू है सदा

या सख़ी ग़रीब-नवाज़ सरकार !

मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !

दर-ए-ख़्वाजा पे सवाली को खड़ा रहने दोसर नदामत से झुका है तो झुका रहने दो

मुझ को मिल जाएगा सदक़ा, मैं चला जाऊँगाकासा-ए-दिल मेरा क़दमों में पड़ा रहने दो

तू सख़ी है, तेरे बाबा, नाना सख़ीतेरे घर का है हर एक बच्चा सख़ीतेरे दर से न कोई भी ख़ाली गया

या सख़ी ग़रीब-नवाज़ सरकार !

मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !

मो'ईनुद्दीन ख़्वाजा ! महाराजा !मो'ईनुद्दीन ख़्वाजा ! महाराजा !

मेरा ख़्वाजा 'अता-ए-रसूल है, वो बहार-ए-चिश्त का फूल हैवो बहार-ए-गुलशन-ए-फ़ातिमा, चमन-ए-'अली का निहाल है

क्या अनोखी, निराली तेरी शान है !आज भी 'अक़्ल-ए-इंसान हैरान हैएक कासे में दरिया को तू ने लिया

या सख़ी ग़रीब-नवाज़ सरकार !

मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !

तू 'अली मुर्तज़ा का है लख़्त-ए-जिगरतू हुसैन-ओ-हसन का है नूर-ए-नज़रसय्यिदा फ़ातिमा का है तू लाडला

या सख़ी ग़रीब-नवाज़ सरकार !

मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !

फिर से ज़ालिम यहाँ ज़ुल्म ढाने लगेफिर मुसलमान को ये सताने लगेकुछ करम कीजिए, हिन्द के बादशा !

या सख़ी ग़रीब-नवाज़ सरकार !

मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !

हिन्द में हर जगह आप का नूर हैये करामत ज़माने में मशहूर हैआप ने मुर्दा इंसां को ज़िंदा किया

या सख़ी ग़रीब-नवाज़ सरकार !

मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !

मुर्दा दिल को मेरे अब जिला दीजिएमुझ को मेरे ख़ुदा से मिला दीजिएआसिम-ए-बे-नवा का है ये मुद्द'आ

या सख़ी ग़रीब-नवाज़ सरकार !

मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !मेरे ख़्वाजा पिया ! मेरे ख़्वाजा पिया !

ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया !ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया ! ख़्वाजा पिया !

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