नात लिरिक्स

Meeran Waliyon Ke Imam

मीराँ वलियों के इमाम

नात ख़्वान: ओवैस रज़ा क़ादरीउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर सेडालो नज़र-ए-करम, सरकार !अपने मँगतों पर इक बारहम ने आस है लगाई बड़ी देर से

मेरे चाँद ! मैं सदक़े, आजा इधर भीचमक उठे दिल की गली, ग़ौस-ए-आ'ज़म !

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

तेरे रब ने मालिक किया तेरे जद कोतेरे घर से दुनिया पली, ग़ौस-ए-आ'ज़म !

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

तेरा रुत्बा आ'ला न क्यूँ हो, कि मौला !तू है इब्न-ए-मौला-'अली, ग़ौस-ए-आ'ज़म !

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

क़दम गर्दन-ए-औलिया पर है तेरातू है रब का ऐसा वली, ग़ौस-ए-आ'ज़म !

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

तुम जो बनाओ, बात बनेगीदोनों जहाँ में लाज रहेगीलजपाल ! करम अब कर दोमँगतों की झोली भर दोभर दो कासा सब का पंज-तनी ख़ैर से

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

कहा हम ने 'या ग़ौस अग़िसनी' तो दम मेंहर आई मुसीबत टली, ग़ौस-ए-आ'ज़म !

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

दिल की कली मेरी आज खिली हैआप आए हैं, ख़बर मिली हैज़रा मेरे घर भी आओलिल्लाह ! करम फ़रमाओहम ने महफ़िल है सजाई बड़ी देर से

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

दिल की कली मेरी आज खिली हैआप आए हैं, ख़बर मिली हैज़रा मेरे घर भी आओलिल्लाह ! करम फ़रमाओमैं ने कुटिया है सजाई बड़ी देर से

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

रोते रोते 'उम्र गुज़ारीकब आएगी अपनी बारीज़रा जल्वा मुझे दिखा दोमेरे दिल की कली खिला दोमैं ने बिपता है सुनाई बड़ी देर से

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

क़ल्ब-ओ-नज़र में नूर समायाएक सुरूर सा ज़हन पे छायाजब मीराँ लगे पिलानेमेरे होश लगे ठिकानेऐसी पी है मैं ने मय दस्त-गीर से

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

मुश्किल जब भी सर पर आईतेरी रहमत आड़े आईजब मैं ने तुम्हें पुकाराकाम आया तेरा सहाराचलता 'आसी का गुज़ारा तेरी ख़ैर से

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

फ़िदा तुम पे हो जाए नूरी-ए-मुज़्तरये है इस की ख़्वाहिश-दिली, ग़ौसे-आ'ज़म !

मीराँ ! वलियों के इमाम !दे दो पंज-तन के नामहम ने झोली है फैलाई बड़ी देर से

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