नात लिरिक्स

Main Hoon Khwaja Ka Deewana

मैं हूँ ख़्वाजा का दीवाना

नात ख़्वान: मुहम्मद अली फ़ैज़ीउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

मैं हूँ ख़्वाजा का दीवानामैं हूँ ख़्वाजा का दीवाना

ज़र्रे को एक पल में सितारा बना दियाजिस को भी छू लिया उसे हीरा बना दिया

मैं हूँ ख़्वाजा का दीवानामैं हूँ ख़्वाजा का दीवाना

जो भी तुम्हारे दर का वफ़ादार हो गयाख़ुल्द-ए-बरीं में जाने का हक़दार हो गया

मैं हूँ ख़्वाजा का दीवानामैं हूँ ख़्वाजा का दीवाना

हैं आप मेरे, मुझ को किसी का भी ग़म नहींदर आप का मेरे लिए जन्नत से कम नहीं

मैं हूँ ख़्वाजा का दीवानामैं हूँ ख़्वाजा का दीवाना

मुझ को न सोने चाँदी का अंबार चाहिएएक बार ख़्वाब में तेरा दीदार चाहिए

मैं हूँ ख़्वाजा का दीवानामैं हूँ ख़्वाजा का दीवाना

सब आप के दीवाने हैं, सरकार ! करम होइक बार करम हो, शहा ! इक बार करम हो

मैं हूँ ख़्वाजा का दीवानामैं हूँ ख़्वाजा का दीवाना

पूछे जो कोई मुझ से कि क्या तेरा नाम हैऐ काश ! तुम ये कह दो, ये मेरा ग़ुलाम है

मैं हूँ ख़्वाजा का दीवानामैं हूँ ख़्वाजा का दीवाना

छेड़ें न मुझ को और न जज़्बात में रहेंइन नजदियों से कह दो कि औक़ात में रहें

मैं हूँ ख़्वाजा का दीवानामैं हूँ ख़्वाजा का दीवाना

सारे जहाँ को तेरे लिए छोड़ दूँगा मैंतूफ़ान भी जो आए उसे मोड़ दूँगा मैं

मैं हूँ ख़्वाजा का दीवानामैं हूँ ख़्वाजा का दीवाना

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