नात लिरिक्स

Dhoom Har Janib Machi Hai Aap Ke Milad Ki

धूम हर जानिब मची है आप के मीलाद की

नात ख़्वान: मीलाद रज़ा क़ादरीशायर: नूर अहमद नूरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

धूम हर जानिब मची है आप के मीलाद कीहर मुसलमाँ को ख़ुशी है आप के मीलाद की

जिन के 'अमलों में है सब कुछ, पर नहीं चेहरे पे नूरउन के दामन में कमी है आप के मीलाद की

बेशुमार उस पर बरसती हैं ख़ुदा की रहमतेंबज़्म जिस घर में सजी है आप के मीलाद की

ना हमें जन्नत का लालच, ना कोई दोज़ख़ का ख़ौफ़क्यूँ कि निस्बत मिल गई है आप के मीलाद की

जिस के सदक़े में मिला है सारी दुनिया को वुजूदक्या ही पुर-'अज़मत घड़ी है आप के मीलाद की

नूर को, आक़ा ! मिले दीदार की ख़ैरात अबचाकरी जो इस ने की है आप के मीलाद की

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