उर्दू शायरी · ग़ज़ल

yaad teri dila rahe hain mujhe

याद तेरी दिला रहे हैं मुझे

یاد تیری دلا رہے ہیں مجھے

शायर: SabeenSaif6 अशआरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu, उर्दू

याद तेरी दिला रहे हैं मुझे
चाँद तारे जला रहे हैं मुझे

पहले दुनिया सता रही थी मुझे
आप भी अब सता रहे हैं मुझे

देखिए फिर से बे-ख़याली में
आप फिर गुनगुना रहे हैं मुझे

रोते देखा था माँ को बचपन में
अब वो आँसू रुला रहे हैं मुझे

सुनते रहते थे जो मुझे घंटों
कितनी बातें सुना रहे हैं मुझे

एक गुड़िया हूँ मोम की मैं 'सबीन'
आप पत्थर बना रहे हैं मुझे