उर्दू शायरी · ग़ज़ल

udasiyon se mulaqat hone wali hai

उदासियों से मुलाक़ात होने वाली है

اداسیوں سے ملاقات ہونے والی ہے

शायर: Naeem Najmi7 अशआरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu, उर्दू

उदासियों से मुलाक़ात होने वाली है
दिए जलाओ कि अब रात होने वाली है

फड़क रही है मिरी आँख आज रह रह कर
ये लग रहा है कोई बात होने वाली है

तुम्हारा सुरमई आँचल न भीग जाए कहीं
किसी की आँखों से बरसात होने वाली है

'अजब है धूप की चादर पे रक़्स बूँदों का
तो आसमान पे बारात होने वाली है

भँवर में यूँही मुझे छोड़ कर चले जाओ
अगर किसी से मुलाक़ात होने वाली है

परिंदे फ़िक्र के मंडला रहे हैं फिर शायद
किसी ग़ज़ल की शुरू'आत होने वाली है

कोई भी चाल बची ही कहाँ है ऐ 'नजमी'
तुम्हारे शाह को अब मात होने वाली है