उर्दू शायरी · ग़ज़ल

meri KHwahish qubul kar lije

मेरी ख़्वाहिश क़ुबूल कर लीजे

میری خواہش قبول کر لیجے

शायर: Aaquib Shaad5 अशआरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu, उर्दू

मेरी ख़्वाहिश क़ुबूल कर लीजे
इश्क़ करने की भूल कर लीजे

बख़्श दीजे मुझे सभी काँटे
अपने दामन में फूल कर लीजे

आइने को न दीजिए तोहमत
साफ़ चेहरे की धूल कर लीजे

आप को कोई क्या हराएगा
अपने पुख़्ता उसूल कर लीजे

दिल को लाज़िम क़रार आएगा
आप ज़िक्र-ए-रसूल कर लीजे