उर्दू शायरी · ग़ज़ल

har shaKHs ko hairat ki taswir bana dega

हर शख़्स को हैरत की तस्वीर बना देगा

ہر شخص کو حیرت کی تصویر بنا دے گا

शायर: Ghayur Jafari5 अशआरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu, उर्दू

हर शख़्स को हैरत की तस्वीर बना देगा
अब क्या किसी पैकर को आईना जला देगा

रजअ'त भी करेगा तो ठहरा हुआ सय्यारा
सूरज की मोहब्बत में घर अपना जला देगा

कम-बख़्त को इतना भी एहसास नहीं शायद
जीने के लिए अपने औरों को दुआ देगा

कुछ याद नहीं मुझ को मैं कौन हूँ कैसा हूँ
क्या कोई मुझे मेरी पहचान बता देगा

सोचो तो 'ग़यूर' उस का एहसास भी क़ातिल है
इक बार तो हँस देगा सौ ज़ख़्म लगा देगा