नात लिरिक्स

Rehmat Se Mujhe Apni Itna To Ata Kar De | Aasi Hoon Mere Maula Har Muaf Khata Kar De

रहमत से मुझे अपनी इतना तो अता कर दे | आसी हूँ मेरे मौला हर मुआफ़ ख़ता कर दे

शायर: जवेरिआ बतूलउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

मौला ! मौला ! मौला ! मेरे मौला !

करम करम, मौला ! करम करमकरम करम, मौला ! करम करम

रहमत से मुझे अपनी इतना तो 'अता कर दे'आसी हूँ, मेरे मौला ! हर मु'आफ़ ख़ता कर दे

मायूसी की तारीकी से मुझ को बचा, या रब !इक नूर के हाले में मुझ को तू खड़ा कर दे

रहमत से मुझे अपनी इतना तो 'अता कर दे'आसी हूँ, मेरे मौला ! हर मु'आफ़ ख़ता कर दे

क़ुरआँ की हिदायत से रौशन हों मेरी राहेंक़ुरआन ही को मेरे होंटों की सदा कर दे

रहमत से मुझे अपनी इतना तो 'अता कर दे'आसी हूँ, मेरे मौला ! हर मु'आफ़ ख़ता कर दे

शर की सभी राहों से नफ़रत हो मेरे दिल कोऔर ख़ैर की हर राह पर तस्कीन 'अता कर दे

रहमत से मुझे अपनी इतना तो 'अता कर दे'आसी हूँ, मेरे मौला ! हर मु'आफ़ ख़ता कर दे

मेरी तिश्ना-लबी को 'अता इक जाम हो कौसर काइस राह में रूह मेरी ख़ुश्बू-ए-वफ़ा कर दे

रहमत से मुझे अपनी इतना तो 'अता कर दे'आसी हूँ, मेरे मौला ! हर मु'आफ़ ख़ता कर दे

केवल उपलब्ध श्रेय दिखाए गए हैं; अनुपलब्ध जानकारी का अनुमान नहीं लगाया गया।