नात लिरिक्स

Rab Ki Rehmat Ke Talabgaar Chalo Naat Padhein

रब की रहमत के तलबगार चलो नात पढ़ें

नात ख़्वान: अहमद-उल-फ़त्ताहउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

रब की रहमत के तलबगार ! चलो, ना'त पढ़ेंआ गए सय्यिद-ए-अबरार, चलो, ना'त पढ़ें

गर दवा काम नहीं करती तो इक काम करोठीक हो जाएगा बीमार, चलो, ना'त पढ़ें

उन के दीवानें कहेंगे ये ब-रोज़-ए-महशरआ गए सय्यिद-ए-अबरार, चलो, ना'त पढ़ें

मुझ से कहती है मेरे दिल के धड़कने की सदाहोगा सरकार का दीदार, चलो, ना'त पढ़ें

जब सहाबा ने कहा, ज़िक्र करो आक़ा काबोले ये हज़रत-ए-हस्सान, चलो, ना'त पढ़ें

हश्र में बोलेंगे इक साथ ये जामी, सा'दीए बरेली के रज़ा खान ! चलो, ना'त पढ़ें

'इज़्ज़तें देगा ख़ुदा दोनों जहाँ में, ए न'ईम !होगी तक़दीर भी बेदार, चलो, ना'त पढ़ें

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