नात लिरिक्स

Milad Ho Raha Hai | Gali Gali Muhalle Mein Milad Ho Raha Hai

मीलाद हो रहा है | गली गली मुहल्ले में मीलाद हो रहा है

नात ख़्वान: हाफ़िज़ ताहिर क़ादरीशायर: अल्लामा निसार अली उजागरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

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सल्लल्लाहु 'अला मुहम्मदसल्लल्लाहु 'अलैहि व सल्लम

करम के बादल बरस रहे हैं, दिलों की खेती हरी-भरी हैये कौन आया कि ज़िक्र जिस का, नगर नगर है, गली गली है

ये कौन बन कर क़रार आया, ये कौन जान-ए-बहार आयागुलों के चेहरे हैं निखरे निखरे, कली कली में शगुफ़्तगी है

दिये दिलों के जलाए रखना, नबी की महफ़िल सजाए रखनाजो राहत-ए-दिल, सुकून-ए-जाँ है, वो ज़िक्र ज़िक्र-ए-मुहम्मदी है

कैसी रौनक़, कैसा मंज़र, कैसा मौसम देखाआमिना का चाँद चमका, देखो नूर फैला

गली गली मुहल्ले में मीलाद हो रहा है

मीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा हैमीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा है

ख़ुशियाँ मनाओ सारे, झंडे लगाओ सारेघर को सजाओ सारे बर्क़ी कुमकुमों से

आज हमारे आँगन में महफ़िल-ए-मीलाद सजीप्यारे नबी का नाम लिया, प्यारे नबी की बात हुई

ना'तों के नज़राने हैं, 'इश्क़-ए-नबी के ना'रे हैंजो भी 'अक़ीदत से आया, उस मँगते की बात बनी

गली गली मुहल्ले में मीलाद हो रहा है

मीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा हैमीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा है

ईमान हमारा ! मीलाद !दिल-जान से प्यारा ! मीलाद !है नूर की बारिश ! मीलाद !मोमिन की ख़्वाहिश ! मीलाद !है मेरी मोहब्बत ! मीलाद !और क़ौम की 'इज़्ज़त ! मीलाद !दिल दिल में बसा है ! मीलाद !घर घर में सजा है ! मीलाद !

जश्न-ए-नबी के मौक़े' पर महफ़िल-ए-ना'त सजाएँगेजान से प्यारा है परचम, ये परचम लहराएँगे

बैठते उठते ज़िक्र-ए-नबी हर हालत में करना हैव्हाट्सएप फ़ेसबुक हर इक पर जश्न की डीपी लगाएँगे

गली गली मुहल्ले में मीलाद हो रहा है

मीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा हैमीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा है

ख़ुशियाँ मनाओ सारे, झंडे लगाओ सारेघर को सजाओ सारे बर्क़ी कुमकुमों से

टूट के उन को चाहा है, ज़िक्र-ए-नबी ना छोड़ेंगेजश्न-ए-नबी की ख़ातिर हम हर दीवार को तोड़ेंगे

जज़्बा है मीलाद-ए-नबी, पैसा-वैसा चीज़ है क्याजिन के सदक़े मिलता है, उन पर सब कुछ वारेंगे

गली गली मुहल्ले में मीलाद हो रहा है

मीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा हैमीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा है

जिन से बहारें सारी हैं, जिन से रहमत के बादलचमके सहाबा अहल-ए-बैत, उन के करम से सब हर पल

यौम-ए-सहाबा करते हैं, ना मानें मीलाद का दिनऐसे भी हैं लोग यहाँ, जो हैं 'अक़्लों से पैदल

मरहबा मरहबा !

कैसी रौनक़, कैसा मंज़र, कैसा मौसम देखाआमिना का चाँद चमका, देखो नूर फैला

गली गली मुहल्ले में मीलाद हो रहा है

मीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा हैमीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा है

उन के जुलूस में आया हूँ, हाथ में उन का झंडा है'इश्क़-ए-नबी में चलना है, क्या रुकना क्या डरना है

प्यास, थकन और गर्मी से, मैं घबराऊँ ? ना रे नाइस मीलाद की रैली से 'इश्क़-ए-रसूल बढ़ाना है

जब तलक ये चाँद-तारे झिलमिलाते जाएँगेतब तलक जश्न-ए-विलादत हम मनाते जाएँगे

चार जानिब हम दिये घी के जलाते जाएँगेघर तो घर सारे मुहल्ले को सजाते जाएँगे

'ईदे-ए-मीलादुन्नबी की शब चराग़ाँ कर के हमक़ब्र नूर-ए-मुस्तफ़ा से जगमगाते जाएँगे

ना'त-ए-महबूब-ए-ख़ुदा सुनते सुनाते जाएँगेया रसूलल्लाह का ना'रा लगाते जाएँगे

दुनिया चाहे कुछ भी कहे, जारी रहेगा अपना मिशनइस पर जीना मरना है, जश्न-ए-विलादत की है लगन

हम ने, उजागर ! जगह जगह दिल से चर्चा करना हैलाज़िम है करना हम पर, ये है शि'आर-ए-अहल-ए-सुनन

गली गली मुहल्ले में मीलाद हो रहा है

मीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा हैमीलाद हो रहा है, मीलाद हो रहा है

ईमान हमारा ! मीलाद !दिल-जान से प्यारा ! मीलाद !है नूर की बारिश ! मीलाद !मोमिन की ख़्वाहिश ! मीलाद !है मेरी मोहब्बत ! मीलाद !और क़ौम की 'इज़्ज़त ! मीलाद !दिल दिल में बसा है ! मीलाद !घर घर में सजा है ! मीलाद !

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