नात लिरिक्स

Bekas Pe Karam Kijiye Sarkar-e-Madina

बेकस पे करम कीजिए सरकार-ए-मदीना

नात ख़्वान: ज़ोहैब अशरफ़ीशायर: शकील बदायूनीउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

बेकस पे करम कीजिए, सरकार-ए-मदीना !गर्दिश में है तक़दीर, भँवर में है सफ़ीना

बेकस पे करम कीजिए, सरकार-ए-मदीना !बेकस पे करम कीजिए

है वक़्त-ए-मदद आइए बिगड़ी को बनानेपोशीदा नहीं आप से कुछ दिल के फ़सानेज़ख़्मों से भरा है किसी मजबूर का सीना

बेकस पे करम कीजिए, सरकार-ए-मदीना !गर्दिश में है तक़दीर, भँवर में है सफ़ीना

बेकस पे करम कीजिए

छाई है मुसीबत की घटा, गेसुओं वाले !लिल्लाह मेरी डूबती कश्ती को बचा लेतूफ़ान के आसार हैं, दुश्वार है जीना

बेकस पे करम कीजिए, सरकार-ए-मदीना !गर्दिश में है तक़दीर, भँवर में है सफ़ीना

बेकस पे करम कीजिए

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