नात लिरिक्स

Ya Rasool-e-Khuda Marhaba Marhaba

या रसूल-ए-ख़ुदा मरहबा मरहबा

नात ख़्वान: मुईन क़ादरी बैंगलोरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

मरहबा मरहबा ! मरहबा मरहबा !मरहबा मरहबा ! मरहबा या नबी ! या नबी ! या नबी !

या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !

जब कि पैदा हुए थे हमारे नबीभोले-भाले नबी, प्यारे प्यारे नबीदोनों 'आलम की आँखों के तारे नबीअपने नाज़ुक लबों से पुकारें नबीउम्मती उम्मती

या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !

सरकार की आमद ! मरहबा !दिलदार की आमद ! मरहबा !आक़ा की आमद ! मरहबा !दाता की आमद ! मरहबा !मरहबा मरहबा !

या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !

निसार तेरी चहल-पहल पर हज़ारों 'ईदें रबी-'उल-अव्वलसिवाए इब्लिस के जहाँ में सभी तो ख़ुशियाँ मना रहे हैं

ज़माने भर में ये क़ा'इदा है कि जिस का खाना उसी का गानातो ने'मतें जिन की खा रहे हैं, उन्हीं के हम गीत गा रहे हैं

रूह-ए-कौन-ओ-मकाँ पर निखार आ गयारूह-ए-इंसानियत को क़रार आ गयामरहबा मरहबा हर किसी ने कहाआमद-ए-मुस्तफ़ा

या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !

रात जो गुज़री नबी के ज़िक्र मेंदिन से अच्छी ये हमारी रात है

हर तरफ़ अनवार की बरसात हैआमद-ए-सरकार की क्या बात है

हज़रत-ए-आमिना के दुलारे नबीग़म-ज़दा उम्मतों के सहारे नबीरोज़-ए-महशर कहेगी ये ख़ल्क़-ए-ख़ुदासब के मुश्किल-कुशा

या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !

पुर-नूर है ज़माना सुब्ह-ए-शब-ए-विलादतपर्दा उठा है किस का सुब्ह-ए-शब-ए-विलादत

आई नई हुकूमत, सिक्का नया चलेगा'आलम ने रंग बदला सुब्ह-ए-शब-ए-विलादत

प्यारे रबी'-उल-अव्वल ! तेरी झलक के सदक़ेचमका दिया नसीबा सुब्ह-ए-शब-ए-विलादत

या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !या रसूल-ए-ख़ुदा ! मरहबा मरहबा !

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