नात लिरिक्स

Mujhe Koofa Waalo ! Musaafir Na Samjho, Main Aaya Nahin Hun, Bulaaya Gaya Hun

मुझे, कूफ़ा वालो ! मुसाफ़िर न समझो, मैं आया नहीं हूँ, बुलाया गया हूँ

नात ख़्वान: शैख़ अनामउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

मुझे, कूफ़ा वालो ! मुसाफ़िर न समझोमैं आया नहीं हूँ, बुलाया गया हूँकि मेहमाँ बना कर सताया गया हूँमैं रोया नहीं हूँ, रुलाया गया हूँ

मुझे, कूफ़ा वालो ! मुसाफ़िर न समझोमैं आया नहीं हूँ, बुलाया गया हूँ

ख़ुदा जाने कैसी है ये मेज़बानीबहत्तर प्यासों का है बंद पानीमुक़द्दर में है हौज़-ए-कौसर का पीनामैं प्यासा नहीं हूँ, पिलाया गया हूँ

मुझे, कूफ़ा वालो ! मुसाफ़िर न समझोमैं आया नहीं हूँ, बुलाया गया हूँ

झुका था जो सर बारगाह-ए-ख़ुदा मेंवही सर क़लम हो गया कर्बला मेंशहादत की मंज़िल को पाया है मैं नेमैं मुर्दा नहीं हूँ, जिलाया गया हूँ

मुझे, कूफ़ा वालो ! मुसाफ़िर न समझोमैं आया नहीं हूँ, बुलाया गया हूँ

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