नात लिरिक्स

Mere Jeevan Ko Mere Murshid Aise Chamkaya Aap Ne

मेरे जीवन को मेरे मुर्शिद ऐसे चमकाया आप ने

शायर: एन मलिकउपलब्ध: हिंदी

चाँद से लेकर रौशनी जैसे टिमटिमाते तारेहोता है सवेरा जैसे सूरज की किरन से

मेरे जीवन को मेरे मुर्शिद ऐसे चमकाया आप नेमेरे जीवन को मेरे मुर्शिद ऐसे चमकाया आप ने

मुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात होमुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात हो

मैं भटक रहा था तन्हा अंधेरो की दुनिया मेंकी इल्म की शम'अ रोशन, मैं खुद से आशना कब थाजब आ कर आप ने थामा, मैं गिरने से फिर संभला

मेरे जीवन को मेरे मुर्शिद ऐसे चमकाया आप नेमेरे जीवन को मेरे मुर्शिद ऐसे चमकाया आप ने

मुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात होमुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात हो

रूठी थी मेरी किस्मत, खोया खोया सा रहताइस दुनिया की भीड़ में उलझा उलझा था रहतादिन-रात गुनाह में कटते, अपने ही नफ़्स से तंग थातुमने ही की इस्लाह वरना मैं तो इक नादान था

मेरा दिल, मेरी जान मेरे मुर्शिद पर क़ुरबानमेरा दिल, मेरी जान मेरे मुर्शिद पर क़ुरबान

मुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात होमुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात हो

मैं, माना बहुत बुरा हूँ, अरमान मुझे है तुझ परबन जाऊंगा मैं अच्छा जो तेरी नज़र है मुझ परजो क़ब्र में मुश्किल आई, न छोड़ना मुझ को तन्हाआ जाना बिगड़ी बनाने जब घबराऊँ मैं तन्हा

मुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात होमुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात हो

हरदम हो नूर की बारिश ऐ मुर्शिद ! आल पे तेरीआक़ा की ख़ास नज़र से हो उम्र में बरकत तेरीन छोडूंगा मैं दामन, न छोडूंगा मैं दर कोअत्तार करम से अपने न फेरना मुझ से रुख़ को

मेरा दिल, मेरी जान मेरे मुर्शिद पर क़ुरबानमेरा दिल, मेरी जान मेरे मुर्शिद पर क़ुरबान

मुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात होमुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात हो

चाँद से लेकर रौशनी जैसे टिमटिमाते तारेहोता है सवेरा जैसे सूरज की किरन से

मेरे जीवन को मेरे मुर्शिद ऐसे चमकाया आप नेमेरे जीवन को मेरे मुर्शिद ऐसे चमकाया आप ने

मुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात होमुर्शिदी अत्तार पर नूर की बरसात हो

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