नात लिरिक्स

Marhaba Sad Marhaba Chehra Mere Sarkar Ka

मरहबा सद मरहबा चेहरा मेरे सरकार का

नात ख़्वान: अमीर हम्ज़ा ख़लीलाबादउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

मरहबा सद मरहबा चेहरा मेरे सरकार काचूमा है जिब्रील ने तलवा मेरे सरकार का

जब फ़लक पर चाँद देखा तो सहाबा ने कहाचाँद से भी है हसीं तलवा मेरे सरकार का

बाग़-ए-जन्नत, 'अर्श-ए-आ'ज़म, ला-मकाँ, फ़र्श-ए-ज़मींहो रहा है हर जगह चर्चा मेरे सरकार का

'आसियों को नार-ए-दोज़ख़ से बचाने के लिएबस है काफ़ी एक ही सज्दा मेरे सरकार का

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