नात लिरिक्स

Main Sadqe Ya Rasool Allah | Mujhe Hai Aap Se Jitni Mohabbat Ya Rasool Allah | Atif Aslam

मैं सदक़े या रसूलल्लाह | मुझे है आप से जितनी मोहब्बत या रसूलल्लाह

नात ख़्वान: आतिफ़ असलमशायर: फ़ातिमा नजीबउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

नमी-दानम कुजा रफ़्तम, सफ़र सदियों से जारी हैमेरे आक़ा ! मोहब्बत आप की इस दिल पे तारी है

कोई समझे, नहीं मुमकिन, किसी को कैसे समझाऊँजो मेरे दिल की हालत है, फ़क़त आक़ा को बतलाऊँ

किसी के भी गुमाँ में हो, नहीं मुमकिन, नहीं मुमकिनकिसी को भी जहाँ में हो, नहीं मुमकिन, नहीं मुमकिन

मुझे है आप से जितनी मोहब्बत, या रसूलल्लाह !मुझे है आप से जितनी मोहब्बत, या रसूलल्लाह !

मैं सदक़े, या रसूलल्लाह ! मैं सदक़े, या रसूलल्लाह !मैं सदक़े, या रसूलल्लाह ! मैं सदक़े, या रसूलल्लाह !

हुए हैं लफ़्ज़ भी साकिन, नमीं आँखों में ठहरी हैमोहब्बत आप की ज़मज़म के कुँवें से भी गहरी है

स'ई करती हैं ये आँखें तेरी गलियों, तेरे दर कीकभी ना'लैन को चूमें, कभी मस्जिद के मिम्बर की

किसी के भी गुमाँ में हो, नहीं मुमकिन, नहीं मुमकिनकिसी को भी जहाँ में हो, नहीं मुमकिन, नहीं मुमकिन

मुझे है आप से जितनी मोहब्बत, या रसूलल्लाह !मुझे है आप से जितनी मोहब्बत, या रसूलल्लाह !

मैं सदक़े, या रसूलल्लाह ! मैं सदक़े, या रसूलल्लाह !मैं सदक़े, या रसूलल्लाह ! मैं सदक़े, या रसूलल्लाह !

या रसूलल्लाह ! या हबीबल्लाह !या रसूलल्लाह ! या हबीबल्लाह !

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