नात लिरिक्स

Dhadkane Dil Ki Ruk Jayengi Toot Kar Ye Bikhar Jayega

धड़कने दिल की रुक जाएँगी टूट कर ये बिखर जाएगा

नात ख़्वान: उस्मान रज़ा मंज़रीउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

धड़कने दिल की रुक जाएँगी, टूट कर ये बिखर जाएगाअपना जल्वा दिखा दीजिए, वर्ना दीवाना मर जाएगा

ले के माँ की दु'आ, दोस्तो ! रख दिया है क़दम राह परलाख तूफ़ान आए तो क्या, अपना दा'वा है टल जाएगा

हुक्म होगा गुनहगार को, चलने दोज़ख़ में तय्यार होफिर इशारा करेंगे नबी, तो सारा नक़्शा बदल जाएगा

शान-ए-आक़ा में गुस्ताख़ियाँ कर रहे हो तो ये भी सुनोवो जो कह दें ये मेरा नहीं, नज्दिया ! फिर किधर जाएगा

मैं हूँ दीवाना-ए-मुस्तफ़ा, मुझ को तू यूँ न आँखें दिखावर्ना कुत्ता मेरे ग़ौस का तुझ को ज़िंदा निगल जाएगा

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