उर्दू शायरी · ग़ज़ल

hasin lamhe guzar gae yaro

हसीं लम्हे गुज़र गए यारो

حسیں لمحے گزر گئے یارو

शायर: Ejaz Quraishi6 अशआरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu, उर्दू

हसीं लम्हे गुज़र गए यारो
ख़्वाब सारे बिखर गए यारो

मैं तो तन्हा सा रह रहा था मगर
कि वो दिल में उतर गए यारो

मेरी मंज़िल बना वही रस्ता
वो जिधर से गुज़र गए यारो

अब तो जीने से ख़ौफ़ आता है
जाने क्या दिल पे कर गए यारो

वो ही घबरा रहा था मिलने से
हम तो शाम-ओ-सहर गए यारो

आँसू 'एजाज़' के न थमते थे
जब भी उस के नगर गए यारो