उर्दू शायरी · ग़ज़ल

ashkon ko chun ke aankhon mein boya karenge hum

अश्कों को चुन के आँखों में बोया करेंगे हम

اشکوں کو چن کے آنکھوں میں بویا کریں گے ہم

शायर: Faisal Fehmi5 अशआरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu, उर्दू

अश्कों को चुन के आँखों में बोया करेंगे हम
रोना तमाम शहर का रोया करेंगे हम

ख़्वाब-ए-अदम से ढूँड के लाएँगे रौशनी
फिर ज़िंदगी में धूप पिरोया करेंगे हम

ख़ून-ए-जराहत-ए-दिल-ए-ना-कर्दा-कार से
आईना-ए-हयात को धोया करेंगे हम

पहले तमाम शहर को सहरा बनाएँगे
फिर वहशतों की रेत पे सोया करेंगे हम

लफ़्ज़ों को हर्फ़-हर्फ़ पिरोएँगे शे'र में
लफ़्ज़ों से इंहिराफ़ भी गोया करेंगे हम