नात लिरिक्स

Nemat-e-Be-badal Madina Hai | Har Udasi Ka Hal Madina Hai

नेमत-ए-बे-बदल मदीना है | हर उदासी का हल मदीना है

नात ख़्वान: सय्यिद हस्सानुल्लाह हुसैनीशायर: हसनैन मज़हरीउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

ने'मत-ए-बे-बदल मदीना हैहर उदासी का हल मदीना है

ज़ब्त-ए-जज़्बात लाज़मी है यहाँऐ मेरे दिल ! सँभल, मदीना है

उन की आमद का फ़ैज़ है मक्काउन की हिजरत का फल मदीना है

'अर्ज़ियाँ डाल पर निगाहों सेअपनी 'आदत बदल, मदीना है

दोस्त ! ये एहतिमाम-ए-'अक्स-कशीख़ुद से बाहर निकल, मदीना है

गर्द-ए-रह झाड़ने की सोचता हैइस को चेहरे पे मल, मदीना है

गिर न जाएँ ज़मीन पर, ऐ चश्म !अपने आँसू निगल, मदीना है

यसरिब-ए-हाल से न हो ग़मगींमज़हरी ! तेरा कल मदीना है

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