नात लिरिक्स

Fateh-e-Karb-o-bala Par Ho Salam

फ़ातेह-ए-कर्ब-ओ-बला पर हो सलाम

नात ख़्वान: हाफ़िज़ ताहिर क़ादरीशायर: शौक़ फ़रीदीउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu

फ़ातेह-ए-कर्ब-ओ-बला पर हो सलामजानशीन-ए-मुस्तफ़ा पर हो सलाम

हज़रत-ए-शब्बीर इब्न-ए-मुर्तज़ाहाफ़िज़-ए-दीन-ए-ख़ुदा पर हो सलाम

हज़रत-ए-'अब्बास-ओ-क़ासिम पर भी होया'नी सारे बा-वफ़ा पर हो सलाम

उस 'अली अकबर हसीन-ओ-मह-जबींहम-शबीह-ए-मुस्तफ़ा पर हो सलाम

छे महीने की वो इक नन्ही सी जाँया'नी असग़र बे-नवा पर हो सलाम

बेड़ियाँ पहने जो पहुँचा मुल्क-ए-शामउस असीर-ए-पारसा पर हो सलाम

दस्त-ए-ज़ुल्मत और वो पर्दा-दारियाँबीबी ज़ैनब की हया पर हो सलाम

कहिए, ऐ शौक़-ए-फ़रीदी ! हश्र तक'इत्रत-ए-ख़ैर-उल-वरा पर हो सलाम

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