उर्दू शायरी · ग़ज़ल

aap jis se kalam karte hain

आप जिस से कलाम करते हैं

آپ جس سے کلام کرتے ہیں

शायर: Raees Narvi5 अशआरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu, उर्दू

आप जिस से कलाम करते हैं
नींद उस की हराम करते हैं

आस्तीं में छुपाए हैं ख़ंजर
मुँह से वो राम राम करते हैं

इश्क़ का रोग उन के बस का नहीं
दूर से वो सलाम करते हैं

दिल से मजबूर तेरे दीवाने
इक जगह कब क़याम करते हैं

दस्त-ओ-बाज़ू के दौर में तो 'रईस'
काम से लोग नाम करते हैं