उर्दू शायरी · ग़ज़ल

masarrat ki farawani ke din hain

मसर्रत की फ़रावानी के दिन हैं

مسرت کی فراوانی کے دن ہیں

शायर: Ghani Ejaz8 अशआरउपलब्ध: हिंदी, Roman Urdu, उर्दू

मसर्रत की फ़रावानी के दिन हैं
मोहब्बत की जहाँबानी के दिन हैं

तमन्नाओं की शादाबी का मौसम
ये अरमानों की जौलानी के दिन हैं

है कलियों के तबस्सुम का ज़माना
गुलों की चाक-दामानी के दिन हैं

मनाज़िर में है रंगीनी ग़ज़ब की
नज़र की शौक़-सामानी के दिन हैं

उठे हैं चार सू बादल ख़ुशी के
हसीं जज़्बों की तुग़्यानी के दिन हैं

मिले हैं प्यार के अनमोल तोहफ़े
ख़ुलूस-ए-दिल की अर्ज़ानी के दिन हैं

हुए रौशन मुक़द्दर के सितारे
फ़लक की नूर-अफ़्शानी के दिन हैं

सलामत रहमत-ए-हक़ का तसलसुल
मुबारक फ़ज़्ल-ए-रब्बानी के दिन हैं